आधार व्यक्ति का है, जन आधार परिवार का। दोनों को एक समझना सबसे बड़ी गलती है। राशन, छात्रवृत्ति, पेंशन — राजस्थान में बहुत सी योजनाएँ जन आधार से जुड़ी हैं। सिर्फ आधार दिखाकर काम नहीं निकलता।
परिवार में नाम जोड़ना-काटना
शादी, बच्चे का जन्म, या बेटा शहर जाकर अलग हो गया — जन आधार अपडेट कराना पड़ता है। पुराना नाम रह गया तो योजना की किस्त गलत खाते में चली जाती है। बाद में वापस लाना मुश्किल।
कार्ड छपाई
स्लिप, लेमिनेशन या PVC। राशन दुकान पर फोटो साफ हो तो झगड़ा कम होता है। लेमिनेशन सस्ता, PVC टिकाऊ। दोनों दुकान पर छपते हैं।
आधार से जोड़
जन आधार में आधार नंबर लिंक रहता है। आधार का पता बदलने के बाद जन आधार भी एक बार देख लो। दोनों अपडेट रहें तो फॉर्म कम अटकते हैं।
मोबाइल और बैंक
मुखिया का नंबर गलत हो तो OTP घर नहीं पहुँचता। बैंक खाता उसी सदस्य के नाम हो जिसका लाभ लेना है। यह छोटी बात कागज़ पर बार-बार अटकती है।

